
केदारताल ट्रेक पर भारी बर्फबारी एवं हिमस्खलन से 12 सदस्यीय ट्रेकिंग दल फंसा, 04 व्यक्तियों का सुरक्षित रेस्क्यू
जनपद – उत्तरकाशी, उत्तराखंड
जनपद उत्तरकाशी के तहसील भटवाड़ी अंतर्गत केदारताल ट्रेक मार्ग पर दिनांक 27 अक्टूबर 2026 को भारी बर्फबारी एवं हिमस्खलन के कारण 12 सदस्यीय ट्रेकिंग दल के फंसने की सूचना प्राप्त हुई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 07 ट्रेकर्स, 01 गाइड, 01 कुक एवं 03 पोर्टर्स सहित कुल 12 सदस्यीय दल वन विभाग से अनुमति प्राप्त कर गंगोत्री से केदारताल ट्रेक के लिए रवाना हुआ था। दल की गंगोत्री वापसी 29 अक्टूबर 2026 को प्रस्तावित थी, लेकिन खराब मौसम, अत्यधिक बर्फबारी एवं हिमस्खलन के कारण दल के सदस्य भोजखड़क के समीप फंस गए।
दिनांक 30 अक्टूबर 2026 की रात्रि लगभग 10:00 बजे जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र (DEOC), उत्तरकाशी को उक्त घटना की जानकारी प्राप्त हुई। सूचना मिलते ही जिला प्रशासन एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा त्वरित कार्रवाई करते हुए SDRF, NDRF, वन विभाग, पुलिस, स्थानीय पुलिस एवं संबंधित ट्रैवल एजेंसी के सहयोग से सर्च एंड रेस्क्यू (SAR) ऑपरेशन प्रारंभ किया गया।
दिनांक 31 अक्टूबर 2026 को रेस्क्यू टीम द्वारा केदारताल ट्रेक मार्ग पर विभिन्न स्थानों पर हुए हिमस्खलन एवं बर्फबारी को हटाकर वैकल्पिक रास्ता तैयार किया गया। इस दौरान स्थान कच्ची ढांग के समीप 03 पोर्टर्स एवं 01 कुक सहित कुल 04 व्यक्तियों को सुरक्षित रेस्क्यू कर गंगोत्री पहुंचाया गया।
शेष ट्रेकर्स की तलाश हेतु दिनांक 31 अक्टूबर 2026 को हेलीकॉप्टर के माध्यम से केदारताल क्षेत्र में हवाई सर्च अभियान चलाया गया, लेकिन खराब मौसम एवं प्रतिकूल परिस्थितियों के कारण ट्रेकर्स अथवा उनका सामान दिखाई नहीं दिया।
दिनांक 01 नवंबर 2026 को युकाड़ा के हेलीकॉप्टर द्वारा SDRF के जवानों के साथ पुनः हवाई सर्च अभियान चलाया गया। हालांकि, मौसम खराब होने के कारण अभियान को अस्थायी रूप से स्थगित करना पड़ा। मौसम अनुकूल होने पर पुनः हवाई सर्च अभियान संचालित किया जाएगा।
इसके अतिरिक्त NDRF की एक स्पेशल MRT टीम, चिकित्सकीय टीम तथा Soul Seeker Trekking Agency के 04 सदस्यों की पैदल रेस्क्यू टीम गंगोत्री से घटनास्थल के लिए रवाना की गई है।
जिला प्रशासन द्वारा राहत एवं बचाव कार्यों की लगातार निगरानी की जा रही है। खराब मौसम एवं ट्रेक मार्ग पर भारी बर्फबारी के कारण रेस्क्यू अभियान में चुनौतियां आ रही हैं। मौसम अनुकूल होते ही शेष ट्रेकर्स की तलाश के लिए अभियान तेज किया जाएगा।
जिला प्रशासन द्वारा संबंधित सभी रेस्क्यू एजेंसियों के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।



